अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस पर ग्रामीण महिलाओं के लिए विशेष पहल, दिखाई गई फिल्म ‘लापता लेडीज’

कवर्धा (कबीरधाम)। अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर कबीरधाम जिले में ग्रामीण महिलाओं के लिए विशेष जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस पहल के तहत छत्तीसगढ़ एग्रीकॉन समिति द्वारा महिलाओं को सामाजिक संदेश से भरपूर फिल्म ‘लापता लेडीज’ दिखाई गई। कार्यक्रम का उद्देश्य महिलाओं को मनोरंजन के साथ-साथ समाज में उनकी भूमिका, आत्मनिर्भरता और अधिकारों के प्रति जागरूक करना था।

इस कार्यक्रम में जिले के बोड़ला, कवर्धा, सहसपुर लोहारा और पंडरिया विकासखंड से बड़ी संख्या में ग्रामीण महिलाएं शामिल हुईं। कई महिलाओं के लिए यह पहली बार था जब उन्होंने समूह के रूप में थिएटर में फिल्म देखी, जिससे कार्यक्रम उनके लिए खास अनुभव बन गया।

कार्यक्रम की मुख्य अतिथि मालती गर्ग ने कहा कि आज भी समाज में कई जगह बेटियों को बराबरी के अवसर नहीं मिल पाते। कई परिवारों में लड़कियों की पढ़ाई को पर्याप्त महत्व नहीं दिया जाता और उन्हें घर के कामों तक सीमित कर दिया जाता है। उन्होंने कहा कि बेटियों को पढ़ने, आगे बढ़ने और अपने विचार खुलकर रखने का अवसर देना बहुत जरूरी है।
कार्यक्रम के दौरान फिल्म के किरदार जया और फूल कुमारी के उदाहरण पर चर्चा करते हुए बताया गया कि शिक्षा और आत्मविश्वास मिलने पर महिलाएं अपने सपनों को पूरा कर सकती हैं और समाज में सकारात्मक बदलाव ला सकती हैं।
फिल्म प्रदर्शन के बाद आयोजित खुले संवाद में महिला प्रेरक सरस्वती झारिया ने कहा कि शिक्षा और आत्मविश्वास ही महिलाओं की सबसे बड़ी ताकत है। वहीं मुन्नी बाई ने कहा कि समाज में मौजूद रूढ़िवादी सोच को बदलने की जरूरत है, तभी महिलाएं सशक्त बन सकेंगी।
कार्यक्रम के अंत में महिलाओं ने इस पहल के लिए छत्तीसगढ़ एग्रीकॉन समिति का आभार व्यक्त किया। समिति के प्रतिनिधियों ने बताया कि संस्था ग्रामीण क्षेत्रों में महिलाओं के सशक्तिकरण और जागरूकता के लिए लगातार ऐसे कार्यक्रम आयोजित करती रही है।
कार्यक्रम का संचालन कविता लांझी ने किया तथा आभार प्रदर्शन चित्रा साहू ने किया।




