2 अक्टूबर की ग्राम सभा में बनेगा विकसित ग्राम पंचायत प्लान, ग्रामीण तय करेंगे गांव के विकास की प्राथमिकताएं
सेवा संकल्प अभियान में ग्रामीणों की भागीदारी से तैयार होगी कार्ययोजना, जल संरक्षण, आजीविका और महिला सशक्तिकरण पर रहेगा जोर
कवर्धा,सेवा संकल्प अभियान के तहत कबीरधाम जिले की ग्राम पंचायतों में ग्रामीणों की भागीदारी से गांव के विकास की रूपरेखा तैयार की जाएगी। विकसित भारत रोजगार और आजीविका के लिए गारंटी मिशन ग्रामीण योजना के अंतर्गत गांव की जरूरतों, उपलब्ध संसाधनों, रोजगार सृजन और आजीविका संवर्धन को ध्यान में रखते हुए निर्माण कार्यों की कार्ययोजना तैयार होगी।
इसी कड़ी में कलेक्टर कबीरधाम श्रीमती तुलिका प्रजापति के निर्देशानुसार जिला पंचायत कबीरधाम के सभा कक्ष में जिले के सभी कार्यक्रम अधिकारियों, तकनीकी सहायकों एवं मैदानी कर्मचारियों के लिए एक दिवसीय प्रशिक्षण सह कार्यशाला आयोजित की गई। कार्यशाला में अधिकारियों एवं कर्मचारियों को विकसित ग्राम पंचायत प्लान तैयार करने की प्रक्रिया के संबंध में प्रशिक्षण दिया गया।

2 अक्टूबर की ग्राम सभा से शुरू होगी योजना निर्माण की प्रक्रिया
कलेक्टर श्रीमती तुलिका प्रजापति ने बताया कि 2 अक्टूबर को आयोजित होने वाली ग्राम सभाओं के माध्यम से योजना निर्माण की प्रक्रिया शुरू होगी। ग्राम सभा में ग्रामीण अपने गांव की जरूरतों, रोजगार एवं आजीविका के अवसरों की पहचान करते हुए समस्याओं और विकास की प्राथमिकताओं को तय करने में सक्रिय भूमिका निभाएंगे।
उन्होंने कहा कि योजना का क्रियान्वयन जमीनी स्तर पर प्रभावी हो और ग्रामीणों की अधिकतम भागीदारी सुनिश्चित हो, इसके लिए मैदानी अमले को प्रशिक्षित किया जा रहा है।
कलेक्टर ने जिले के ग्रामीणों से अपील की है कि वे 2 अक्टूबर की ग्राम सभा में शामिल होकर अपने गांव के विकास प्लान को तैयार करने में सक्रिय भूमिका निभाएं।

सशक्तिकरण, अभिसरण, विकास और संतृप्ति पर रहेगा फोकस
जिला पंचायत कबीरधाम के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री अभिषेक अग्रवाल ने प्रशिक्षणार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि वर्ष 2047 तक विकसित भारत के लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए ग्रामीण क्षेत्रों में योजना के तहत सशक्तिकरण, विकास, अभिसरण और संतृप्ति जैसे प्रमुख स्तंभों पर कार्य करना आवश्यक है।
उन्होंने ग्राम पंचायत विकास योजना (GPDP) के साथ विकसित ग्राम पंचायत प्लान के पांच चरणों के अनुसार समयबद्ध तरीके से कार्य करने के निर्देश दिए।
पांच चरणों में तैयार होगी कार्ययोजना
पहला चरण: सितंबर माह में ग्राम सभा से पहले की गतिविधियों के तहत मैदानी अमले की क्षमता निर्माण की जा रही है।
दूसरा चरण: 2 अक्टूबर की ग्राम सभा में ग्रामीणों की भागीदारी से निर्माण कार्यों की प्राथमिकता और योजना तैयार की जाएगी।
तीसरा चरण: अक्टूबर से नवंबर के बीच परामर्श, प्रविष्टियों और कार्यों के मानचित्रण की प्रक्रिया पूरी की जाएगी।
चौथा चरण: दिसंबर माह में ग्राम सभा के माध्यम से प्रारूप को अंतिम रूप दिया जाएगा।
पांचवां चरण: 15 जनवरी तक सभी योजनाओं का संकलन कर समेकित प्लान तैयार किया जाएगा।
ग्रामीणों की मांग के अनुसार श्रममूलक कार्यों को प्राथमिकता
सीईओ अभिषेक अग्रवाल ने सभी मैदानी कर्मचारियों को निर्देशित किया कि ग्राम पंचायतों में ग्रामीणों की मांग और आवश्यकता के अनुसार श्रममूलक कार्यों को स्वीकृति दी जाए। उन्होंने ग्राम पंचायतों में अधिक से अधिक ग्रामीणों को रोजगार उपलब्ध कराने पर जोर दिया।
उन्होंने तकनीकी कारणों से लंबित ई-केवाईसी को पूर्ण करने तथा कार्यों का मूल्यांकन ई-एमबी में करने के निर्देश दिए। साथ ही कार्यों के चिन्हांकन के लिए युक्तधारा का उपयोग सुनिश्चित करने को कहा।
जल संरक्षण और आजीविका संवर्धन पर विशेष जोर
सेवा संकल्प अभियान के तहत तैयार होने वाले ग्राम पंचायत प्लान में गांव की वास्तविक जरूरतों और स्थानीय संसाधनों को ध्यान में रखा जाएगा। इसमें जल संरक्षण, आजीविका संवर्धन, महिला सशक्तिकरण, रोजगार सृजन और ग्रामीण विकास से जुड़े कार्यों को प्राथमिकता देने पर जोर रहेगा।
इससे ग्रामीणों की जरूरतों के अनुरूप विकास कार्यों का चयन करने और गांव के उपलब्ध संसाधनों का बेहतर उपयोग करने में मदद मिलेगी।
अधिकारी-कर्मचारी रहे उपस्थित
एक दिवसीय प्रशिक्षण सह कार्यशाला में एपीओ श्री विनायक गुप्ता, तकनीकी समन्वयक श्री अशोक झरिया, कंप्यूटर प्रोग्रामर श्री बृजेश गुप्ता सहित वीबी जी राम जी योजना के सभी कार्यक्रम अधिकारी, तकनीकी सहायक, प्रोग्रामर एवं अन्य कार्यालयीन कर्मचारी उपस्थित रहे।
रिपोर्ट — खिलेश्वर सिन्हा
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